Corona is back😁😁

संपर्क लाल बड़ा परेशान🤯 नजर आ रहा था। इस कोरोना ने तो नाक में दम कर रखा है। 1 साल से भी ज्यादा हो गए, पर जाने का नाम ही नहीं ले रहा है। शहर में एक बार फिर से लॉक डाउन लग गया। हां! कुछ रियायत दी गई है कि कुछ घंटे अपने भी होंगे। अब क्या करूं? घर […]

गला–काट प्रतियोगिता🧐🧐

       सुबह के 10 बज रहे थे, पर शांताबाई का अभी तक कोई पता ठिकाना नही था। इतना तो कोई अपने प्रेयसी का भी इंतजार नहीं करता, जितना मैंने उसके इंतजार में पूरे घर में मैराथन कर लिया था। 🤔🤔कौन है ये शांताबाई, क्या वजूद है उसका हमारे घर में? तो भईया, बात ऐसी है कि शांताबाई हमारी […]

Happy Women’s Day

दुनिया की सभी महिलाओं को महिला दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं🌸🌸🌸।पर कुछ अनकही बातें मन में चल रही हैं।क्या एक दिन औरतों को dedicate करके उन खबरों को कैसे ढंक सकते हैं,जब हर दिन औरतों के अस्मत बर्बाद होने की खबर अखबार की सुर्खियां बनती हैं।ये सही है कि सदियों से पैरों में लगी बेड़ियां टूटने लगी हैं।रोशनदान से आजादी की […]

एक प्रवासी की डायरी📒🖋️

सालों बीत गए देश को छोड़े हुए,पर वहां की आबो– हवा को आज तक सैम भूला नहीं। भारत की मिट्टी, उसमें से निकलती सोंधी खुशबू ,वहां की संस्कृति क्या – क्या नहीं आंखों के सामने घूम जाते हैं। विदेश में प्रवास करने वाले या किसी भी विषम परिस्थितियों के कारण अपने देश छोड़ने वाले एक NRI की कहानी ,उसी की […]

🇳🇪🇳🇪🇳🇪Happy Republic Day 🇳🇪🇳🇪🇳🇪

सबसे पहले मैं अपने सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक बधाई देती हूं। एक आम भारतीय का अपने राष्ट्र के नाम एक संदेश हर देश की निवासियों की आंखों में एक सपना जरूर तैरता है कि उसके देश में हमेशा अमन – चैन रहे।आज भारत अपना 72वां गणतंत्र दिवस मना रहा है।पिछले साल कोरोना वायरस के कारण देश अस्त […]

देश की मिट्टी

 कर्नल समरजीत सिंह बड़े ही देशभक्त और अनुशासनप्रिय व्यक्ति थे। देश की मिट्टी की महक उनके रगों में खून की तरह बहती थी। और हो भी क्यों ना,दादा – परदादाओं के समय से ही फौज में जाने की इच्छा बलवती होती रही थी। उनके दादा जी भारत – पाकिस्तान की लड़ाई में शहीद हो गए थे। पिताजी भी लेफ्टिनेंट रहे। […]

HAPPY NEW YEAR 2021

            Happy New Year 2021           नई जोश,नई उमंग और एक नए उत्साह के साथ फिर से नए साल का स्वागत कितनी खुशी देता है। पिछले साल की यादों को अपने मानस पटल से धुंधला करने को जी करता है।जो गमजदा हैं, उनके लिए तो नया साल उम्मीद की एक नई […]

छोटी – सी भूमिका

मेरी जिन्दगी में थोड़ी- सी ही सही,मेरी भी है छोटी-सी भूमिका,फिर ऐसा क्यों लगता है सबको,कि मैं नहीं हूं किसी काम का, मैं सांस भी लेता हूँ और मेरा दिल धड़कता भी है,मैं उदास हो जाता हूं लेकिन मेरा चेहरा हँसता भी है,ये सच है कि आज मैं बेकार हूँ,पर ऐसा नहीं कि मैं लाचार हूँ, एक दिन मैं फिर […]

कलंकिनी

 शहर की बाहरी सीमा से सटा हुआ था वो विधवाश्रम,जहां के नए इंचार्ज बनकर आए थे विनय बाबू।अपने जीवन की एक महत्वपूर्ण तलाश का ये अंतिम पड़ाव शायद यही हो,यही सोच मन में रखकर शहर के सारे विधवाश्रमो को खंगाल डाला और अपना तबादला करवाते रहे।बड़े – बड़े ओहदों को ठुकराकर विधवा आश्रम की खाक छानने में पता नहीं क्यूं […]

सोच

अपने हालात के बारे में,कुछ सोच रही थी मैं समंदर के किनारे में,एक तेज लहर का झोंका आया,पानी की फुहारों ने भी मेरे गालों को नहीं सहलाया, मेरी उदासी अब मायूसी मे बदलती जा रही थी,मेरी बेबसी भी मेरा मज़ाक उड़ा रही थी,आंखों के आंसू भी फुहारों में छिप गए थे,नजरें भी दूर किसी के इन्तज़ार में खो गए थे, […]