🇳🇪🇳🇪🇳🇪Happy Republic Day 🇳🇪🇳🇪🇳🇪

सबसे पहले मैं अपने सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक बधाई देती हूं। एक आम भारतीय का अपने राष्ट्र के नाम एक संदेश हर देश की निवासियों की आंखों में एक सपना जरूर तैरता है कि उसके देश में हमेशा अमन – चैन रहे।आज भारत अपना 72वां गणतंत्र दिवस मना रहा है।पिछले साल कोरोना वायरस के कारण देश अस्त […]

देश की मिट्टी

 कर्नल समरजीत सिंह बड़े ही देशभक्त और अनुशासनप्रिय व्यक्ति थे। देश की मिट्टी की महक उनके रगों में खून की तरह बहती थी। और हो भी क्यों ना,दादा – परदादाओं के समय से ही फौज में जाने की इच्छा बलवती होती रही थी। उनके दादा जी भारत – पाकिस्तान की लड़ाई में शहीद हो गए थे। पिताजी भी लेफ्टिनेंट रहे। […]

HAPPY NEW YEAR 2021

            Happy New Year 2021           नई जोश,नई उमंग और एक नए उत्साह के साथ फिर से नए साल का स्वागत कितनी खुशी देता है। पिछले साल की यादों को अपने मानस पटल से धुंधला करने को जी करता है।जो गमजदा हैं, उनके लिए तो नया साल उम्मीद की एक नई […]

छोटी – सी भूमिका

मेरी जिन्दगी में थोड़ी- सी ही सही,मेरी भी है छोटी-सी भूमिका,फिर ऐसा क्यों लगता है सबको,कि मैं नहीं हूं किसी काम का, मैं सांस भी लेता हूँ और मेरा दिल धड़कता भी है,मैं उदास हो जाता हूं लेकिन मेरा चेहरा हँसता भी है,ये सच है कि आज मैं बेकार हूँ,पर ऐसा नहीं कि मैं लाचार हूँ, एक दिन मैं फिर […]

कलंकिनी

 शहर की बाहरी सीमा से सटा हुआ था वो विधवाश्रम,जहां के नए इंचार्ज बनकर आए थे विनय बाबू।अपने जीवन की एक महत्वपूर्ण तलाश का ये अंतिम पड़ाव शायद यही हो,यही सोच मन में रखकर शहर के सारे विधवाश्रमो को खंगाल डाला और अपना तबादला करवाते रहे।बड़े – बड़े ओहदों को ठुकराकर विधवा आश्रम की खाक छानने में पता नहीं क्यूं […]

सोच

अपने हालात के बारे में,कुछ सोच रही थी मैं समंदर के किनारे में,एक तेज लहर का झोंका आया,पानी की फुहारों ने भी मेरे गालों को नहीं सहलाया, मेरी उदासी अब मायूसी मे बदलती जा रही थी,मेरी बेबसी भी मेरा मज़ाक उड़ा रही थी,आंखों के आंसू भी फुहारों में छिप गए थे,नजरें भी दूर किसी के इन्तज़ार में खो गए थे, […]

थक गया हूं मैं

थक गया हूं मैं, हाँ! थक गया हूं मैं,केवल एक सुकून की तलाश मेंकहां से चला था और आज कहां हूं मैं,मुझे तो यह भी पता नहीं किजिंदगी मुझे ले जा रही है कहाँ, थक गया हूं मैं, हाँ! थक गया हूं मैं,हर गम समेटे अपने में, सभी की खुशी के लिएजिंदा हूँ मैं केवल अपनों की हंसी के लिए,हर […]

24*7⏳🕛⏳🕛

      सोफे पे बैठी       यूं पैरों को समेटे        जाने क्या सोच रही है    जिंदगी की उलझन को    शायद सुलझाने की कोशिश हो रही है    हां! मैं हूं एक House wife      24*7 चलती है जिसकी life        कामों का सिलसिला रुकता नहीं       सुकुनियत […]

Work from Home🤗🤗🤗🤗

  पूरे देश में कोरोना अपना परचम लहरा रहा था। तत्काल में इसका बस एक ही इलाज था –lockdown। सभी अपने– अपने घरों में कैद हो गए। भई!अपने आप को बचाना है तो social distancing का पालन तो करना ही पड़ेगा। देश के सारे काम ठप्प हो गए। स्कूल – कॉलेज, ऑफिस सब बंद हो गए। ऐसी समस्या हो और […]

मां अगर तू ना होती

Dedicated to All Mothers ……… मां अगर तू ना होती तो दुनिया में मुझे लाता कौन जीवन की पहली पाठशाला तुम,मेरी पहचान बनाता कौन स्पंदन की घड़ियां जो मेरे अंदर चल रही है तुम्हारे रक्त से ही मेरी सांसे बढ़ रही है मेरी ही नींद सोना,मेरी ही नींद जगना मेरी एक आवाज़ से झट से अपनी आंखें खोल देना मुझे […]