छोटी– छोटी चार– पांच लड़कियों का हुजूम गांव के इस पुराने बरगद के पेड़ के नीचे खेलने में व्यस्त था। एक– दूसरे को पकड़ने की होड़ लगी हुई थी कि तभी एक तेज आवाज़ ने उनके खेल को भंग कर दिया। भंवरी, अरी ओ! भंवरी कहां मर गई है। जब देखो तब खेल ही सूझता रहता है इसे,कहती हुई एक […]